म.प्र. सरकार, संकट की इस घड़ी में किसानों के साथ खड़ी है- उर्जा मंत्री

किसान

राजेन्द्र अग्रहरी (ब्यूरो)
  @ उर्जांचल टाईगर 
-------------------------
उर्जा मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री शुक्ल ने सिंगरौली जिले के सूखा प्रभावित ग्रामों का किया सघन भ्रमण


सिंगरौली।।ऊर्जा, नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा, खनिज साधन एवं जनसम्पर्क मंत्री और जिले के प्रभारी मंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने सिंगरौली जिले के सूखा प्रभावित ग्रामों का सघन भ्रमण कर नष्ट हुई फसलों को खेत-खेत में जाकर अवलोकन किया और हर्राचन्देल में ग्रामीणों से सीधे संवाद करते हुए कहा कि संकट की इस घड़ी में म.प्र. सरकार किसानों के साथ खड़ी है और इस विपत्ति के समय किसानों की हर संभव मदद की जायेगी। इस मामले में म.प्र. सरकार बहुत ही संवेदनशील है मुख्यमंत्री ने प्रदेश के समस्त मंत्रियों को और उच्च स्तरीय अधिकारियों को विभिन्न जिलों में भेजकर सूखे से नष्ट हुई फसलों का आंकलन करने के निर्देश दिये है। उन्ही के निर्देश पर आज अपने प्रभार के जिले सिंगरौली के विभिन्न ग्रामों का भ्रमण कर रहा हू। प्रभारी मंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा पूरे जिले को सूखा ग्रस्त घोषित कर दिया गया है। जिला प्रशासन द्वारा किसानों के खेतों में हुई हानि का आंकलन किया जा रहा है जैसे ही सर्वे का कार्य पूर्ण हो जायेगा उन्हे राहत राशि का वितरण किया जायेगा। इसके साथ ही ऐसे किसानों को जिनके पास किसान क्रेडिट कार्ड है और उन्होने सहकारी बैंक से ऋण लिया है और ऋण की राशि अदा की है उन्हे फसल बीमा के अंतर्गत भी राहत राशि प्रदान की जायेगी। 
प्रभारी मंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि जिला प्रशासन का बहुत-बहुत बधाई है कि उन्होने पूर्व से ही प्रभावित ग्रामों में मनरेगा के अंतर्गत 5000 कार्यो को प्रारंभ कर दिया है इससे हर जरुरत मंद को काम मिलेगा और पलायन की संभावनायें रुकेगी। उन्होने प्रभावित ग्राम ओड़गड़ी, कसर और सोलंग ग्रामों में जाकर फसल हानि का जायजा लिया और ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि ऐसे किसान जिन्होने अपनी फसल काट ली है और खेत की जुताई कर दी है उन्हे भी गिरदावरी के आधार पर राहत राशि मिलेगी। मंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि इस वर्ष सूखे का भयंकर संकट आया है सूखे के संकट से किसानों को बाहर निकालने के लिए सरकार हर संभव मदद करेगी। उन्होने जिला प्रशासन को निर्देश दिये कि किसानों के खेतों का दिल खोलकर सर्वे करें और कोई भी किसान राहत राशि से वंचित नही होना चहिए। इस मामले में सरकार संवेदनशील है, राजस्व अमला धान की फसल का सर्वे करने के साथ ही मकाई और दलहन तथा तिलहन फसलों का भी सर्वे कर राहत राशि के प्रकरण बनायें। उन्होने ने कहा कि सीमांत कृषकों को सिंचित भूमि पर 8000 रुपये प्रति हेक्टेयर के मान से और असिंचित भूमि को 6000 रुपये प्रति हेक्टेयर के मान से राहत राशि का वितरण किया जायेगा। मंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि ऐसे किसान जिनकी फसलें पूरी तरह नष्ट हो गई है उनके बेटियों का विवाह सरकार करायेगी उन्हे मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के अंतर्गत 25000 रुपये का अनुदान दिया जायेगा। उन्होने कहा कि ऐसे किसान जिनकी फसलें पूरी तरह से नष्ट हो गई है उनके पास यदि खाद्यान्न कूपन नही है तो भी उन्हे सार्वजनिक वितरण प्रणाली में शामिल कर उचित मूल्य की दुकान के माध्यम से खाद्यान्न वितरण किया जाय। उनके नाम खाद्यान्न वितरण के लिए शामिल किये जाय। मंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि 33 प्रतिशत से कम के फसल नुकसानी को 50 प्रतिशत हानि मानकर राहत के प्रकरण बनाये जायेंगे और 33 प्रतिशत से ऊपर की हानि पर शत प्रतिशत फसल हानि मानकर राहत के प्रकरण बनाये जाये।
ऐसे किसान जिन्होने बैंको से ऋण लिया है उनके अल्पकालीन ऋण को दीर्घ कालीन में परिवर्तित करने के निर्देश दिये गये है तथा सरकार द्वारा उनके एक साल के ब्याज को भरा जायेगा।
सिंगरौली क्षेत्र के विधायक  रामलल्लू वैश्य ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि 20-25 वर्ष बाद प्रदेश में इतना भयंकर सूखे की स्थिति निर्मित हुई है। राजस्व विभाग किसानों के खेतों में सर्वे करते समय पूरी संवेदनशीलता के साथ राहत का प्रकरण बनाये इसमें किसी प्रकार की कोताही नही बरती जाय। कोई भी किसान राहत प्रकरण से छूटना नही चहिए। उन्होने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री ने जिलों में प्रभारी मंत्रियों को भेजने के साथ ही उच्च अधिकारियों को भी फसल हानि का आंकलन करने के लिए भेजा है। उनके द्वारा भी फसल हानि का जायजा लिया जा रहा है। 
कलेक्टर शशांक मिश्रा ने संबोधित करते हुए कहा कि जिले में सूखे का सर्वे चल रहा है, प्रदेश सरकार को राहत राशि का प्रकरण भेजा जायेगा। जैसे ही राहत का आवंटन प्राप्त होता है किसानों को राहत राशि वितरित की जायेगी। उन्होने कहा कि फसल बीमा का भी प्रकरण बनाया जा रहा है इसके अंतर्गत भी किसानों को राहत राशि प्रदान की जायेगी। उन्होने कहा कि जरूरत मंदों को काम देने के लिए जिले में मनरेगा योजना के अंतर्गत 5000 कार्य प्रारंभ कर दिये गये है। प्रत्येक पंचायत में 2 से 3 कार्य संचालित किये जा रहे है।

इस अवसर पर देवसर क्षेत्र के विधायक राजेन्द्र मेश्राम, पूर्व विधायक विश्वामित्र पाठक, जिला पंचायत अध्यक्ष अजय पाठक, जिला पंचायत उपाध्यक्ष डॉ. रवीन्द्र सिंह, जिला पंचायत के सदस्य राजेश सिंह, श्रीमती राधा सिंह, श्रीमती रानी अग्रवाल, सरोज साकेत सहित पुलिस अधीक्षक रुडोल्फ अलवारिस, जिला पंचायत के सी.ई.ओ. आशकृत तिवारी सहित जिला जन प्रतिनिधि, जिला अधिकारी और ग्रामीण जन उपस्थित थे।

Post a Comment

MKRdezign

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget