सर्वोच्च न्यायालय का फ़ैसला पलटे, वो सरकार निकम्मी है।

भारत बंद को बनारस के अधिवक्ताओ का समर्थन रजिस्ट्री आफिस बंद कराया

  • भारत बंद को बनारस के अधिवक्ताओ का समर्थन रजिस्ट्री आफिस बंद कराया
  • न्यायिक कार्य ठप कर,जुलुस निकाला,डी एम पोर्टिको मे धरना दिया ,प्रदर्शन किया और सङको पर उतरे।

अंकुर पटेल 
विशेष संवाददाता, उर्जान्चल टाइगर 

एस सी /एस टी एक्ट मे सशोधन कर सर्वोच्च न्यायालय के फैसले को उलटने पर अधिवक्ता समुदाय ने सङको पर उतर कर अपना आक्रोश व्यक्त किया।नारे लगाये,डी एम पोर्टिको मे धरना देते हुये सभा कि।सभा मे वक्ताओ ने एस सी/एस टी एक्ट मे संशोधन निरस्त करते हुये सर्वोच्च न्यायालय के फैसले को बहाल करने की मांग की।

सुबह ग्यारह बजे अधिवक्ता भारी संख्या मे सेन्ट्रल बार सभागार से निकले ,उनके हाथो मे तख्तिया थी,जिसपर नारे लिखे हुये थे।निर्दोष शिकार क्यु बने?,बिना जांच गिरफ्तारी क्यु?,काला कानुन वापस लो,सर्वोच्च न्यायालय के सम्मान मे अधिवक्ता मैदान मे,काला कानुन नही सहेगे,इत्यादि। न्यायिक कार्य ठप कराने के बाद दिवानी कचहरी,कलेक्टरेट कचहरी,सर्किट हाउस ,विकास भवन होते हुये रजिस्ट्री आफिस बंद कर दिये।जिससे रजिस्ट्री का कार्य प्रभावित हुआ। इस दौरान अधिवक्ता नारे बाजी करते रहे,डी एम पोर्टिको मे धरना प्रदर्शन भी हुआ जहा जिलाधिकारी के प्रतिनिधि को ज्ञापन सौपा गया।

अधिवक्ताओ का नेतृत्व बनारस बार के अध्यक्ष नरेन्द्र श्री वास्तव व महामंत्री रजनीश मिश्रा, सेन्ट्रल बार के अध्यक्ष प्रभुनाथ पांण्डे,महामंत्री संजय दाढी ,बनारस बार के पुर्व महामंत्री नित्यानन्द राय कर रहे थे,अन्य अधिवक्ताओ मे नागेश पाण्डेय,सुजीत यादव,संजय सिंह,धीरेन्द्र नाथ शर्मा,नगेन्द्र सिंह ,बबलु पटेल ,विनोद पांडे भैयाजी, चंदन सिह,अभिषेक राय,ब्रजेश मिश्रा, शैलेन्द्र उपाध्याय,अनिलकांत सिंह,आशीष शक्ति,दीपक मिश्रा,अवनीश राय,आदि सैकङो की संख्या मे अधिवक्ता शामिल रहे।
Reactions:

टिप्पणी पोस्ट करें

MKRdezign

संपर्क फ़ॉर्म

नाम

ईमेल *

संदेश *

Blogger द्वारा संचालित.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget