हिंदू महासभा का शर्मानांक कृत्य : राष्ट्रपिता के पुतले को गोली मारी, गोडसे की तस्वीर को माला पहनाई

महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर एक हैरान और परेशान करने वाली तस्वीर सामने आई है। दरअसल, हिन्दू महासभा ने बापू की हत्या वाला सीन फिर से ताजा किया है। इसमें दिखाया गया है कि किस तरह नाथूराम गोडसे से गांधी को गोली मारी थी। उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में हिन्दू महासभा द्वारा ये कृत्य किया गया।
अलीगढ़।। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर जहां पूरा देश एक तरफ उन्हें श्रद्धांजलि दे रहा है, वहीं तरफ अखिल भारत हिंदू महासभा का एक चौंकाने वाला वीडियो सामने आया है। इस विडिओ में हिंदू महासभा के लोगों ने बापू को गोली मारकर उन्हें श्रधांजलि दी। अब इस पूरी घटना का विडियो ख़ूब वायरल हो रहा है।

विडियो में भगवा कपड़े में एक महिला गांधी जी के पुतले को गोली मारती नजर आ रही है। इस महिला का नाम पूजा शकुन पांडेय बताया जा रहा है। जो अखिल भारत हिंदू महासभा की राष्ट्रीय सचिव है। इस महिला ने एक नकली बन्दूक से गाँधी जी पुतले पर एक के बाद एक तीन गोलियां दागी। वहीँ इस वीडियो में गोली लगने के बाद बापू के पुतले से खून बहते हुए भी दिखाया जा रहा है।

इस संगठन के कार्यकर्ताओं ने बापू की पुण्यतिथि पर शौर्य दिवस मनाया है। इस दौरान संगठन के कार्यकर्ताओं ने न सिर्फ बापू की हत्या का सीन रिक्रिएट किया बल्कि नाथूराम गोडसे की तस्वीर पर माल्यार्पण करते हुए गांधी की हत्या की याद में मिठाई भी बांटी और जश्न मनाया।

राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी की पुण्यतिथि पर हिन्दुत्वा वादी संगठन का ऐसा आयोजन नरेंद्र मोदी सरकार की मंशा पर सवालिया निशान खड़े करता है। खासकर जब बीजेपी हिन्दुत्वा के नाम पर केंद्र की सत्ता हथियाने के सफल रही है। जिस तरह से उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में अखिल भारत हिंदू महासभा की नेता ने बापू का अपमान किया है। वो अपने आप में बेहद शर्मनाक है। ऐसे में अगर नरेंद्र मोदी सरकार हिन्दू संगठनों पर नकेल कसने में नाकाम रही तो आगामी लोकसभा चुनावों देश का सांप्रदायिक सौहार्द बिगड़ सकता है। जिसकी अमेरिकी ख़ुफ़िया विभाग ने भी आशंका जताई है।
ज्ञात हो कि 30 जनवरी 1948 को दिल्ली में बिड़ला हाउस परिसर में नाथूराम गोडसे ने बापू की हत्या कर दी गई थी। बापू की हत्या के मामले में नाथूराम गोडसे सहित 8 लोगों को गिरफ्तार किया गया था। जिनमे गोपाल गोडसे, मदनलाल पाहवा और विष्णु रामकृष्ण करकरे को आजीवन कारावास, जबकि नाथूराम गोडसे और नारायण आप्टे को फांसी दी गई थी।

लेबल:
प्रतिक्रियाएँ:

एक टिप्पणी भेजें

MKRdezign

संपर्क फ़ॉर्म

नाम

ईमेल *

संदेश *

Blogger द्वारा संचालित.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget